में 15वां विश्व शांति मौन साधना महायज्ञ की प्रभात फेरी सैकड़ों शंख ध्वनि के साथ संपन्न

JALAUN NEWS: ग्राम बंधौली स्थित मौन साधना के देवस्थान पर 15वें विश्व शांति महायज्ञ की प्रभात फेरी मंगलवार को सैकड़ों शंखध्वनियों के बीच निकाली गई। भोर होते ही श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या ने एक साथ शंख बजाकर वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया।कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि आज का युग संवाद और संयम की आवश्यकता का है। शब्द को ब्रह्म मानकर उसके सदुपयोग की कला को अपनाना ही जीवन का धर्म है। उन्होंने कहा कि इस दौर में जब मजहब और सिद्धांत के नाम पर मनुष्य मनुष्य से दूर हो रहा है, ऐसे समय में मौन साधना ही आत्मशांति, प्रेम और एकता का मार्ग दिखाती है।आयोजकों ने बताया कि 15वां मौन साधना महायज्ञ कल, 6 नवम्बर 2025 को प्रातः 10 बजे से प्रारंभ होकर देर रात तक चलेगा। इसमें विभिन्न धर्मों के विद्वान प्रेम, संगठन और एकता पर आधारित प्रवचन देंगे। शाम 6:50 से 7:05 बजे तक प्रतिदिन 15 मिनट मौन साधना का अभ्यास भी किया जाएगा।भक्तों ने कहा कि आज विश्व में मेलजोल, प्रेम और शांति का अभाव बढ़ता जा रहा है, और यह मानवता के लिए सबसे बड़ा संकट बन चुका है। ऐसे में मौन साधना आत्म-संवेदन और सुधार का मार्ग प्रदान करती है।इस अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय मौन साधना केंद्र मऊरानीपुर से अर्पण वियोगी, चुरहा (हमीरपुर) से परमात्मा देव राजपूत, मसूदपुरा से देवीदीन राजपूत, रजौनी (महोबा) से गोपीचंद्र राजपूत, बडेरा से अशोक राजपूत, श्याम करण, संदीप, रामप्रकाश, गौतम महाराज (बरौली), धर्मेंद्र बरौली, निषेंद्र कुमार, फूल सिंह, इंदल, नवल, रिंकू, राजबहादुर, खलक सिंह सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।मातृशक्ति में एकता राजपूत, नम्रता राजपूत, प्रवेश राजपूत, मंजू, अंजू और उषा बाई प्रमुख रूप से उपस्थित रहीं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *